नागपुर, 10 अक्टूबर । टाटा समूह के मानद चेयरमैन और दिग्गज उद्योगपति रतन टाटा के निधन से...
Lok Swaraj24
इन दिनों लोग मोटापे की चपेट में तेजी से आ रहे हैं। ऐसे में इसे कम करने...
रायपुर 10 अक्टूबर । मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सुप्रसिद्ध उद्योगपति, पद्म भूषण व पद्म विभूषण से...
नई दिल्ली, 10 अक्टूबर। बांग्लादेश के तेज गेंदबाज तस्कीन अहमद ने बुधवार को भारत के खिलाफ टी20...
नई दिल्ली, 10 अक्टूबर । बांग्लादेश के हरफनमौला खिलाड़ी शाकिब अल हसन ने बुधवार को अपना राजनीतिक...
नई दिल्ली, 10 अक्टूबर । घरेलू शेयर बाजार में आज शुरुआती कारोबार के दौरान मजबूती का रुख...
नई दिल्ली, 10 अक्टूबर । ग्लोबल मार्केट से आज मजबूती के संकेत मिल रहे हैं। अमेरिकी बाजार...
मुंगेली | कलेक्टर श्री राहुल देव के निर्देशानुसार एवं जिले के नवपदस्थ पुलिस अधीक्षक श्री भोजराम पटेल...
मुंबई, 10 अक्टूबर । देश के शीर्ष उद्योगपति रतन टाटा का अंतिम संस्कार आज शाम यहां पूरे...
अमेरिकी राष्ट्रपति जो बिडेन ने कल रात अपने इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से फोन पर बातचीत की। व्हाइट हाउस की प्रवक्ता कैरिन जीन–पियरे ने 30 मिनट की इस फोन कॉल को प्रत्यक्ष और उत्पादक बताया। प्रवक्ता ने कहा कि बातचीत में कई मुद्दों पर चर्चा हुई, जिसमें ईरान से जुड़े पश्चिम एशिया के मौजूदा संघर्ष पर विशेष ध्यान दिया गया। यह कॉल अगस्त के बाद से दोनों नेताओं के बीच पहली सार्वजनिक रूप से घोषित चर्चा थी। बातचीत का एक मुख्य विषय श्री बिडेन द्वारा श्री नेतन्याहू से लेबनान में नागरिकों को कम से कम नुकसान पहुँचाने का आग्रह करना था, खासकर बेरूत के घनी आबादी वाले इलाकों में। व्हाइट हाउस के अधिकारियों ने कहा कि बिडेन प्रशासन ने संघर्ष के दौरान नागरिकों की बढ़ती मौतों पर चिंता व्यक्त की है। यह चर्चा क्षेत्र में बढ़ते तनाव की पृष्ठभूमि में हुई। इजरायल के रक्षा मंत्री योआव गैलेंट ने कल रात इजरायली मीडिया पर प्रसारित एक वीडियो में कड़ी चेतावनी जारी की, जिसमें इस महीने की शुरुआत में इजरायल पर विफल ईरानी मिसाइल हमले का बदला लेने की कसम खाई। श्री गैलेंट ने घोषणा की कि इजरायल की प्रतिक्रिया घातक, सटीक और आश्चर्यजनक होगी। संघर्ष के लेबनान में विनाशकारी परिणाम हुए हैं, जहां इजरायली हवाई हमलों ने 6 लाख से अधिक लोगों को अपने घरों से भागने के लिए मजबूर किया है, और संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, अतिरिक्त 3 लाख लोगों ने कथित तौर पर देश छोड़ दिया है। इजरायल और हिजबुल्लाह के बीच तनाव बढ़ने के साथ मानवीय संकट और भी बदतर होता जा रहा है।
