FEATURED देश चाणक्य नीति:- संगति कुलीनों की करें Lok Swaraj24 March 13, 2024 Spread the love एतदर्थ कुलीनानां नृपा: कुर्वन्ति संग्रहम | आदिमध्यावसानेषु न त्यजन्ति च ते नृपम || आचार्य चाणक्य यहां कुलीनता का वैशिष्टय को बताये हुए कहते हैं कि कुलीन लोग आरंभ से अंत तक साथ नहीं छोड़ते | वे वास्तव में संगती का धर्म निभाते हैं | इसलिए राजा लोग कुलीनों का संग्रह करते हैं ताकि समय-समय पर सत्यपरामर्श मिल सके | अभिप्राय यह है कि अच्छे खानदानी व्यक्ति जिसके साथ मित्रता करते हैं, उसे जीवन भर निभाते हैं | वे शुरू से अंत तक सुख और दुःख दोनों दशाओं में कभी साथ नहीं छोड़ते | इसीलिए राजा लोग ऐसे कुलीनों को अपने पास रखते हैं | इसलिए राजा लोग और राजपुरुष महत्वपूर्ण एवं विशिष्ट राजकीय सेवाओं में कुलीन पुरुषों की नियुक्ति उनके उच्च सस्कारों और परंपरागत शिक्षा-दीक्षा के कारण ही करते हैं | वे कभी नीच अथवा ओछे हथकण्डे अपनाकर अपने स्वामी के साथ छल या धोखा नहीं करते | Post navigation Previous भीगी हुई मूंगफली खाने से मिलते हैं कमाल के फायदेNext गृह विभाग ने जारी की अधिसूचना, मैनुअल तरीके से होगी पुलिस की बहाली Related Stories मध्य प्रदेश के सिंगरौली में महसूस किए गए 3.5 तीव्रता के भूकंप के झटके FEATURED देश मध्य प्रदेश के सिंगरौली में महसूस किए गए 3.5 तीव्रता के भूकंप के झटके October 17, 2026 केरल की अरुंधती ने मुख्यमंत्री योगी को अपनी शादी में बुलाने के लिए लिखा भावुक पत्र FEATURED देश केरल की अरुंधती ने मुख्यमंत्री योगी को अपनी शादी में बुलाने के लिए लिखा भावुक पत्र October 17, 2026 लोकतंत्र व न्यायपालिका को डराने की कोशिश कर रही कांग्रेसः भाजपा FEATURED देश लोकतंत्र व न्यायपालिका को डराने की कोशिश कर रही कांग्रेसः भाजपा October 17, 2026