देश प्रेरक प्रसंग:- नम्रता का परिणाम Lok Swaraj24 May 7, 2024 Spread the loveएक बार चीनी संत चांग-चुआंग बीमार पड़े, तब उन्हें देखने लाओत्से गए | लाओत्से ने उन्हें कुछ उपदेश देने की विनती की | चांग-चुआंग ने पूछा, “जब कोई अपने पुराने गाँव जाता है, तो गाँव की सीमा पर पहुंचते ही अपनी गाड़ी से क्यों उतर जाता है ?” लाओत्से ने जवाब दिया, “इस प्रथा का यह तात्पर्य है कि मनुष्य को अपना उदगम न भूल जाना चाहिए |” फिर चांग ने अपना मुँह खोलते हुए पूछा, “क्या मेरे मुख में दांत हैं ?” – “नहीं तो !” – लाओत्से ने जवाब दिया| “और जीभ ?” – चांग का आगला प्रश्न था | “वह तो है “ – लाओत्से बोले | “ ऐसा क्यों है, क्या कारण बता सकते हो ?” – चांग का अगला प्रश्न था | – “महोदय, मेरा विचार है कि नम्र होने से जीभ कायम है, जबकि दांत कड़े होने के कारण विनाश को प्राप्त हुए हैं | “ “तुमने ठीक जवाब दिया है | मनुष्य के विनम्र रहने में भलाई है | मुझे विश्वास है कि तुमने जगत के सभी सिध्दान्तों को समझ लिया है और तुम्हें उपदेश देने की कोई आवश्यकता नहीं |” – चांग ने संतोष भरे शब्दों में कहा | Post navigation Previous मजबूत शुरुआत के बाद लुढ़का बाजार, लाल निशान में पहुंचे सेंसेक्स और निफ्टीNext लॉन्च हुआ दुनिया का पहला 6G डिवाइस, 5G से 20 गुना तेज चलता है इंटरनेट Related Stories सोनम वांगचुक की पत्नी ने सफदरजंग अस्पताल चिकित्सा अधीक्षक को लिखा पत्र, दूसरे अस्पताल ले जाने की मांग FEATURED देश सोनम वांगचुक की पत्नी ने सफदरजंग अस्पताल चिकित्सा अधीक्षक को लिखा पत्र, दूसरे अस्पताल ले जाने की मांग July 18, 2026 प्रधानमंत्री ने विक्रम-1 के सफल प्रक्षेपण के बाद स्काईरूट एयरोस्पेस के संस्थापकों से की बात, दी बधाई FEATURED देश प्रधानमंत्री ने विक्रम-1 के सफल प्रक्षेपण के बाद स्काईरूट एयरोस्पेस के संस्थापकों से की बात, दी बधाई July 18, 2026 संघ कभी सूर्यास्त नहीं देखता, सदैव चिरयुवा रहता है : प्रो. राकेश सिन्हा FEATURED देश संघ कभी सूर्यास्त नहीं देखता, सदैव चिरयुवा रहता है : प्रो. राकेश सिन्हा July 18, 2026