देश प्रेरक प्रसंग :- नकलचियों की दशा Lok Swaraj24 June 4, 2024 Spread the loveस्वामी दयानन्द के पाखंड – खंडन से चिढ़कर पूना के पोंगापंथी पाखंडियों ने उन्हें अपमानित करने तथा चिढ़ाने के लिए एक जुलुस निकाला | उन्होंने एक नकली दयानन्द बनाकर चूना और कालिख से उसका मुँह रंगकर गधे पर बिठाकर जुलूस के आगे रखा था और लोग पीछे- पीछे उस पर दयानन्द के नाम से तरह-तरह की व्यंग्य बौछार करते तथा तालियाँ बजाते चल रहे थे | दयानन्द के शिष्यों से न रहा गया | वे स्वामीजी के पास गए और कहने लगे कि यदि अनुमति मिले, तो इन पाखंडियों को उचित सजा वे दे सकते हैं | इस पर स्वामीजी बड़े ही सहज भाव से समझाते हुए बोले, “इसमें सजा देने की क्या बात ? दूसरे की नकल करनेवालों की जो दशा होती है, वह बेचारे नकली दयानन्द की हो रही है | यह क्रोध करने का नहीं, शिक्षा लेने का विषय है | “ Post navigation Previous Delhi : आज आने वाले चुनाव नतीजे तय करेंगे कई नेताओं का कद, कुछ की होगी अंतिम पारी; भाजपाई इसलिए हैं गदगदNext कैसे नरेन्द्र मोदी ने जीता देश की जनता का अभूतपूर्व विश्वास? Related Stories छत्तीसगढ़ के महान जननायक डॉ. खूबचंद बघेल FEATURED देश छत्तीसगढ़ के महान जननायक डॉ. खूबचंद बघेल July 19, 2026 वीर क्रांतिकारी मंगल पांडे जयंती FEATURED देश वीर क्रांतिकारी मंगल पांडे जयंती July 19, 2026 प्रधानमंत्री मोदी ने अहमदाबाद के आतिशबाजी कारखाने में हुए विस्फोट के पीड़ितों के लिए अनुग्रह राशि की घोषणा की। FEATURED देश प्रधानमंत्री मोदी ने अहमदाबाद के आतिशबाजी कारखाने में हुए विस्फोट के पीड़ितों के लिए अनुग्रह राशि की घोषणा की। July 19, 2026