मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता शुक्रवार को नरेला सेक्टर ए-9 में 90 दिन में बने अत्याधुनिक बस टर्मिनल का उद्घाटन किया और सौ से ज्यादा देवी इलेक्ट्रिक बसें दिल्लीवासियों की सेवा में समर्पित कीं। उन्होंने कहा कि यह परियोजना सिर्फ एक नई सुविधा नहीं, बल्कि दिल्ली को बेहतर, सुरक्षित और समावेशी भविष्य की ओर ले जाने वाला मजबूत कदम है। इस अवसर पर सांसद योगेन्द्र चांदोलिया, परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह व मंत्री रविंद्र इंद्राज सिंह मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि नरेला में 4000 वर्ग मीटर क्षेत्र में बना यह टर्मिनल-3 बस-वे, विशाल शेड, साफ-सुथरे टॉयलेट, आरओ जल संयंत्र, कैंटीन-पैंट्री, ईवी चार्जिंग स्टेशन जैसी सभी मूलभूत सुविधाओं से सुसज्जित है। यात्री अब बेहतर अनुभव के साथ यात्रा करेंगे। नई देवी बसें यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा के नए मानक स्थापित कर रही हैं। इनमें सीसीटीवी कैमरे, इमरजेंसी पैनिक बटन, लाइव ट्रैकिंग जैसी आधुनिक सुविधाएं मौजूद हैं। साथ ही दिव्यांगजनों की सुविधा के लिए ये बसें व्हीलचेयर-फ्रेंडली डिजाइन के साथ पूरी तरह सुलभ बनाई गई हैं। आज दिल्ली की सड़कों पर 2000 से अधिक इलेक्ट्रिक बसें दौड़ रही हैं। हमारा संकल्प है कि 2027 तक राजधानी की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को पूरी तरह इलेक्ट्रिक बनाकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के “विकसित दिल्ली” के विजन को साकार करेंगे।
मंत्री पंकज कुमार सिंह ने कहा कि दिल्ली बदल रही है और ट्रांसपोर्ट स्मार्ट बन रहा है। नरेला में तैयार हुआ राजधानी का नया इलेक्ट्रिक बस टर्मिनल है। यह विश्वस्तरीय इलेक्ट्रिक बस टर्मिनल दिल्ली के सार्वजनिक परिवहन तंत्र को और भी आधुनिक, इको-फ्रेंडली और यात्रियों के लिए सुविधाजनक बनाएगा। मंत्री कहा कि नरेला बस टर्मिनल से ज्यादातर इलेक्ट्रिक बसों का राजधानी दिल्ली के प्रमुख मार्गों पर संचालन होगा। इस बस टर्मिनल से चलने वाली बसें पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन, मोरी गेट, दिल्ली सचिवालय, उत्तम नगर, दयालु कॉलोनी और बॉर्डर एरिया को जोड़ेंगी। बसों के नरेला डिपो से संचालित होने से उत्तर-पश्चिमी दिल्ली में आवागमन बेहतर होने के साथ राजधानी के हर कोने में स्वच्छ और हरित परिवहन का उद्देश्य भी पूरा होगा।
उन्होंने कहा कि नरेला बस टर्मिनल में यात्रियों, बस ड्राइवरों की सुविधा के साथ ही बसों के रख-रखाव लिए भी कई तरह की आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। इस बस टर्मिटल से बस संचालन के लिए 3 समर्पित बस-वे, 34 मीटर और 40 मीटर के 2 आधुनिक शेड का निर्माण, बसों के लिए पार्किंग की व्यवस्था, शानदार कैंटीन, स्वच्छ एवं सुलभ शौचालय ब्लॉक, सुरक्षित पेयजल के लिए आरओ वाली पानी की व्यवस्था के साथ ही भविष्य की जरूरतों को देखते हुए इलेक्ट्रिक बसों के लिए चार्जिंग पॉइंट भी स्थापित किए गए हैं। नरेला बस डिपो राजधानी में स्वच्छ, कुशल और सुलभ परिवहन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा। सिंह ने कहा कि दिल्ली सरकार लगातार सुरक्षित, सुविधाजनक और पर्यावरण-अनुकूल परिवहन व्यवस्था को सशक्त बना रही है। यह पहल विशेष रूप से महिलाओं की यात्रा को सुरक्षित और सम्मानजनक बनाने की दिशा में एक ठोस प्रयास है।
