राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत ने आज कहा कि आरएसएस और भाजपा के बीच कोई मतभेद नहीं है। उन्होंने कहा कि संघ किसी भी मुद्दे पर सलाह दे सकता है, लेकिन अंतिम निर्णय भाजपा ही लेगी। नई दिल्ली में मीडिया को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि संघ का केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार के साथ अच्छा समन्वय है। उन्होंने कहा कि भाजपा और आरएसएस के विचार अलग-अलग हो सकते हैं, लेकिन उनके उद्देश्य एक जैसे हैं। भाजपा पर आरएसएस के निर्देशों के तहत काम करने के विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए भागवत ने कहा कि आरएसएस केवल सुझाव देता है, लेकिन सरकारी मामलों में कभी हस्तक्षेप नहीं करता। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि निर्णय लेना पार्टी का विशेषाधिकार है।
