मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) का दूसरा चरण 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में आयोजित किया जाएगा, और अंतिम मतदाता सूची अगले वर्ष 7 फरवरी को प्रकाशित की जाएगी।
मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार ने कल नई दिल्ली में एक प्रेस वार्ता में बताया कि इस अभियान में उत्तर प्रदेश, गुजरात, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल, गोवा, केरल, पुडुचेरी, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह और लक्षद्वीप शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि एसआईआर के दूसरे चरण में 51 करोड़ मतदाता शामिल होंगे।
श्री कुमार ने कहा कि गणना प्रपत्रों की छपाई और बूथ स्तरीय अधिकारियों का प्रशिक्षण आज से शुरू होगा और 3 नवंबर तक चलेगा। गणना का चरण 4 दिसंबर तक चलेगा। 9 दिसंबर को मतदाता सूची का मसौदा प्रकाशित किया जाएगा, जिसके बाद 8 जनवरी, 2026 तक दावे और आपत्तियाँ ली जा सकेंगी। 9 दिसंबर से 31 जनवरी, 2026 तक सुनवाई और सत्यापन का काम होगा।
इन 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की मतदाता सूचियाँ अब फ़्रीज़ कर दी गई हैं। बूथ स्तर के अधिकारी वर्तमान पंजीकृत मतदाताओं को विशिष्ट गणना प्रपत्र वितरित करेंगे। इन प्रपत्रों में उनकी वर्तमान मतदाता जानकारी शामिल होगी। अगर उनका नाम 2003 की मतदाता सूची में भी था, तो उन्हें कोई अतिरिक्त दस्तावेज़ जमा करने की आवश्यकता नहीं है।
