रायगढ़ । टीवी टावर रोड मिश्रा गली में करीब चार एकड़ में प्लॉटिंग का काम तेजी से हो रहा है। अब तो यहां एक भूखंड में बाउंड्रीवॉॅल तक खड़ी हो गई है। इस जमीन का मामला उलझ गया है। यहां दो खसरा नंबरों की जमीनों की रजिस्ट्री की गई थी, लेकिन इसमें से एक खसरा नंबर की जमीन गायब हो गई है।
बड़े अतरमुड़ा क्षेत्र में अवैध प्लॉटिंग को रुकने के बजाय और भी तेज गति से शुरू हो गई है। कुछ महीनों तक काम बंद रखने के बाद अब मौके पर निर्माण शुरू किए जा चुके हैं। मिश्रा गली के आखिरी में करीब चार एकड़ जमीन पर प्लॉटिंग की जा रही है। एक साल से यहां काम चल रहा है। इस जमीन को लेकर उलझन है। दरअसल वर्ष 12-13 में खनं 93/1 और 94/2 कुल रकबा 1.189 हे. भूमि सात लोगों ने खरीदी थी।
मतलब 10 साल पहले पंकज शर्मा, पवन अग्रवाल, मनीष अग्रवाल, मनोज अग्रवाल, मुकेश अग्रवाल और रजनी अग्रवाल ने सात टुकड़ों में जमीन खरीदी थी। ऑनलाईन राजस्व रिकॉर्ड देखने पर पता चलता है कि खनं 94/2 तो है ही नहीं। भुइयां में केवल खनं 93/1 के सात नहीं नौ टुकड़े हैं। यह जमीनें पंकज शर्मा, पवन अग्रवाल, मनीष अग्रवाल, मुकेश अग्रवाल के अलावा शैलेष अग्रवाल, नीता देवी, नमिता देवी, अक्षत शर्मा, कुंदन बेवरता, नरेंद्र पटेल और संगीता अग्रवाल के नाम पर है। इन नौ टुकड़ों का रकबा 0.9306 हे. है। बाकी की जमीन कहां गई, यह सवाल है।
नाला किनारे बाउंड्रीवॉल का काम
भुईयां से खनं 94/2 का कोई रिकॉर्ड ही नहीं मिल रहा है। बड़े अतरमुड़ा की इस जमीन पर स्लैग पाटकर रोड बनाई गई थी। अब यहां के प्लॉट की बुकिंग हो रही है। कई लोगों ने 450 रुपए की दर से प्लॉट लिए हैं। इस कॉलोनी के लिए कोई भी विकास अनुमति नहीं ली गई है। नाला किनारे बाउंड्रीवॉल का काम चल रहा है। वहीं बीचोंबीच एक भूखंड में चारों ओर से बाउंड्रीवॉल खड़ी कर ली गई है।
