नई दिल्ली, 25 अप्रैल । पूर्वी दिल्ली के कल्याणपुरी थाना पुलिस ने ‘ऑपरेशन मिलाप’ के तहत दो लापता नाबालिग लड़कों को महाराष्ट्र से सकुशल खोजकर परिवार से मिलवाया है। दोनों किशोर कक्षा 9 के परीक्षा परिणाम को लेकर अभिभावकों की डांट के डर से घर छोड़कर भाग गए थे। पुलिस ने तकनीकी निगरानी, सोशल मीडिया ट्रैकिंग और 700 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगालने के बाद उन्हें खोज निकाला।
पूर्वी जिले के पुलिस उपायुक्त राजीव कुमार ने शनिवार को बताया कि 30 मार्च को कल्याणपुरी थाने में प्रमोद ठाकुर ने अपने नाबालिग बेटे के लापता होने की शिकायत दी। लगभग उसी समय भावना नामक महिला ने अपने भाई के भी इसी तरह गायब होने की सूचना पुलिस को दी। दोनों मामलों में एफआईआर संख्या 102/26 और 103/26 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
पुलिस उपायुक्त के अनुसार जांच में पुलिस ने 700 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, जिसमें दोनों किशोर घर से निकलकर आनंद विहार रेलवे स्टेशन की ओर जाते दिखाई दिए। इसके बाद पुलिस ने आनंद विहार और निजामुद्दीन ट्रांजिट हब के करीब 200 अतिरिक्त सीसीटीवी फुटेज की जांच की। छानबीन के दौरान एक किशोर की इंस्टाग्राम गतिविधि पुलिस के लिए अहम सुराग बनी। पुलिस को पता चला कि वह यात्रा के दौरान अलग-अलग मोबाइल हॉटस्पॉट का इस्तेमाल कर इंस्टाग्राम चला रहा था। बाद में एक नए इंस्टाग्राम आईडी से लॉग-इन होने पर पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण के जरिए इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबर को ट्रेस किया, जिससे लोकेशन महाराष्ट्र में मिली।
सूचना मिलते ही कल्याणपुरी थाना पुलिस की टीम महाराष्ट्र रवाना हुई और करीब 20 घंटे तक लगातार निगरानी के बाद मोबाइल फोन के मालिक तक पहुंची। उसके बाद महाराष्ट्र के डोंबिवली और पनवेल में कई सीसीटीवी कैमरे खंगाले गए तथा 50 से अधिक होटलों की जांच की गई। आखिरकार दोनों किशोर डोंबिवली स्थित रोटरी क्लब पार्क के पास मिल गए, जहां से उन्हें सकुशल दिल्ली लाया गया।
पूछताछ में दोनों किशोरों ने बताया कि वे कक्षा 9 के परीक्षा परिणाम को लेकर डरे हुए थे और माता-पिता की डांट से बचने के लिए घर छोड़कर चले गए थे। पुलिस ने दोनों को परिजनों के सुपुर्द कर दिया है।
