रायपुर 28 सितंबर । छत्तीसगढ़ आदिवासी स्थानीय स्वास्थ्य परंपरा एवं औषधि पादप के चेयरमैन विकास मरकाम ने कांग्रेस के नवनियुक्त प्रदेश प्रभारी सुखदेव भगत की प्रेस कॉन्फ्रेंस को लगातार हो रही हार और मुद्दों के अकाल से जूझती कांग्रेस की ‘हताश वार्ता’ बताया है।
मरकाम ने साेमवार काे कहा कि ‘सुखदेव’ को, आदिवासियों को ‘दुखदेव’ सिद्धांत पर चलने वाली पार्टी का प्रभारी बनाया गया है। अपने शासनकाल में कांग्रेस की भूपेश सरकार ने जिस प्रकार 32 प्रतिशत आरक्षण छीनने का प्रयास किया, हमारे हरा सोना तेन्दूपत्ता के खरीदी को बंद किया गया, चरण पादुका छीनी गई, मूलभूत सुविधाओं के लिए तरसाया, आदिवासी राष्ट्रपति और आदिवासी मुख्यमंत्री को अपमानित किया गया उस दु:ख और दंश को आजतक आदिवासी लोग भूले नहीं है।
छत्तीसगढ़ आदिवासी स्थानीय स्वास्थ्य परंपरा एवं औषधि पादप के चेयरमैन विकास मरकाम ने कहा कि नाम ‘सुखदेव’ लेकिन अपनी पहली ही प्रेस कॉन्फ्रेंस में ही बने ‘झूठदेव’। जिस प्रकार तारापुर कोल ब्लॉक को लेकर भगत ने झूठ बोला, वह निंदनीय है। प्रदेश का बच्चा बच्चा इस तथ्य से अवगत है कैसे षड्यंत्रपूर्वक कांग्रेस के तत्कालीन केंद्रीय पर्यावरण मंत्री जयराम रमेश ने ‘नो गो एरिया’ को ‘गो एरिया’ बनाकर हसदेव अरण्य में खनन की नींव रखी, वन सलाहकार समिति (एफएसी) की आपत्तियों को दरकिनार तारा कोल ब्लॉक को ‘स्टेज-1’ मंजूरी दी। मरकाम ने कहा कि सत्ता में रहते बघेल सरकार ने हसदेव में कटाई और खनन प्रक्रियाओं को राजस्थान के गहलोत सरकार को बिजली देने के लिए आगे बढ़ाया और अब विपक्ष में रहते इसका विरोध कर रहे हैं। यह कांग्रेस के दोहरे चरित्र को दिखाता है। भूपेश बघेल ने मीडिया में कहा था, “जिसे खनन से आपत्ति है वह अपने घर की बिजली बंद कर दें।” यह बयान अभी तक छत्तीसगढ़ के लोग नहीं भूलें है।
छत्तीसगढ़ आदिवासी स्थानीय स्वास्थ्य परंपरा एवं औषधि पादप के चेयरमैन विकास मरकाम ने नसीहत देते हुए कहा कि भगत को सबसे पहले कांग्रेस में मची भयंकर गुटबाजी से लड़ना चाहिए, 36 गुटों में बँटी कांग्रेस को एकजुट करने की दिशा में चिंतन करना चाहिए। युवा कांग्रेस के ब्लॉक और जिलाध्यक्ष चुनावों में लेन-देन और भ्रष्टाचार पर चिंतन करना चाहिए। शराब घोटाला, पीएससी घोटाला, कोयला घोटाला, गोबर घोटाला में लिप्त नेताओं को छत्तीसगढ़ की राजनीति से दूर रखने की नीति पर चिंतन करना चाहिए। मरकाम ने कहा कि महतारी वंदन योजना, कृषक उन्नति योजना, लखपति दीदी योजना, नियद नेल्लानार, नल जल, पीएम आवास, पीएम जनमन, तेंदूपत्ता का रिकॉर्ड दाम एवं खरीदी के जरिए आत्मसम्मान जैसी अनेकानेक योजनाओं के माध्यम से मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश की भाजपा सरकार लगातार जनकल्याण के नए कीर्तिमान स्थापित कर छत्तीसगढ़िया को सबसे बढ़िया बनाने में जुटी है। इसकी चिंता सुखदेव जी को नहीं करनी चाहिए।
