भिलाई । संयंत्र कर्मचारियों के हितों से जुड़े हुए विभिन्न विषयों को लेकर भिलाई इस्पात मजदूर संघ का उच्च स्तरीय प्रतिनिधि मंडल ई डी वर्क्स अंजनी कुमार के साथ उनके सभागार में एक बैठक सम्पन्न हुई जिसमें मुख्य रूप से संयंत्र कर्मचारियों का इंसेंटिव पॉलिसी को रिवाइज करने का आग्रह किया गया।
यूनियन के महामंत्री रवि शंकर सिंह इस विषय पर विस्तार से चर्चा करते हुये प्रबंधन का ध्यान आकर्षित करते हुये कहा की वर्ष 2007 से इनसेंटीव स्कीम मे कोई बड़ोतरी नही किया गया है जबकि भिलाई इस्पात संयंत्र हमारा प्रोडक्शन प्रोडकटिविटी मे नया कीर्तिमान स्थापित कर रहा है वर्तमान मे लगातार मैनपावर की कमी एवं लेबर प्रोडक्टिविटी मे बड़ोतरी हुई है इन सब बिंदुओं को ध्यान में रखते हुए इंसेंटिव स्कीम को रिवाइज करना आवश्यक है ।
उनमे में डी आर तथा नान फाइनेंशियल स्कीम लागू की जाए, उपाध्यक्ष विनोद उपाध्याय ने प्रबंधन द्वारा इस वर्ष अभी तक नान फाइनेंसियल मोटिवेशनल स्कीम लागू नहीं किए जाने की ओर ध्यान आकर्षित करवाते हुए बताया कि इसे लागू किया जाना चाहिए जिससे कर्मचारियों में एक उत्साह का माहौल रहता है। उन्होंने बरसों से बंद डेली रिवार्ड स्कीम भी लागू की जाने की मांग की। *बोरिया गेट पर कर्मचारियों के लिए अलग गेट खोला जाए, अध्यक्ष आई पी मिश्रा ने बोरिया गेट में ट्रकों के अत्यधिक दबाव को देखते हुए संयंत्र कर्मचारियों के लिए अलग गेट से आने जाने की व्यवस्था की मांग की।
काफी हाउस,शुलभ शौचालय जल्दी खोले जाए, कार्यकारी अध्यक्ष चन्ना केशवलू ने निम्न बिंदुओं की ओर ध्यान आकर्षित करवाय, कमजोर हो चुके स्ट्रक्चर की स्टेबिलिटी चेक करवाई जाए जिससे दुर्घटनाओं का खतरा कम हो सके,. सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए नई सड़के बनाई जाए जर्जर सड़कों का रिपेयर किया जाए तथा रोड सेफ्टी के मानकों अनुसार सेफ्टी ब्रेकर बनाए जाए . धूप एवं बारिश से बचाव के लिए मेन गेट बोरिया गेट के दोनों ओर शेड का निर्माण किया जाए,. संयंत्र के भीतर स्वच्छ खानपान के लिए चार सब्सिडी युक्त कॉफी हाउस खोलें जाए , संयंत्र के भीतर स्थित रेस्ट रूम को सर्वसुविधवायकत बनाया जाय ।
स्वर्ग रथ की मांग
उपाध्यक्ष शारदा गुप्ता ने संयंत्र से रिटायर कर्मचारियों जिनकी मृत्यु उपरांत संयंत्र द्वारा टूटा-फूटा ग्रीस लगा हुआ ट्रक उपलब्ध करवाया जाता है उसकी जगह स्वर्गरथ की मांग की ठेका श्रमिकों के निदान के लिए राज्य सरकार के निदान जैसा नंबर भिलाई इस्पात संयंत्र द्वारा निर्धारित किया जाए जिससे उनकी समस्याओं का त्वरित निराकरण और शोषण से मुक्ति मिले एंबुलेंस के लिए भी 112 जैसी सुविधा भिलाई इस्पात संयंत्र में भी लागू की जाए जिससे नंबर आसानी से लोगों में याद हो सके उपाध्यक्ष हरिशंकर चतुर्वेदी ने कर्मचारियों के हितों के लिए बेहतर सुविधाएं देने की मांग की जिसमें संयंत्र के अंदर 4 कॉफी हाउस और शीघ्र खोलने की मांग की गई।
सेफ्टी अवेयरनेस उपहार नियमित कर्मियों को भी दिया जाए
संयुक्त महामंत्री अशोक माहोर ने सेफ्टी के मद में 9.77 लाख को 28.5 लाख किये जाने तथा प्रतियोगिताओं के माध्यम से ठेका श्रमिकों को प्रोत्साहन हेतु उपहार दिए जाने का स्वागत करते हुए नियमित कर्मचारियों को भी उस योजना में शामिल किए जाने की मांग की क्योंकि संयंत्र की सुरक्षा में नियमित कर्मचारियों का भी बहुत बड़ा योगदान रहता है।
महिला कर्मचारियों के लिए टाइलेट की उचित व्यवस्था हो प्रवीण मारडिकर ने बताया की बोरिया भंडार विभाग तथा संयत्र के अन्य विभागों में बहुत संख्या में महिला कर्मचारी, ठेका श्रमिक काम करती है काम करती है पर उनके लिए उचित टॉयलेट की व्यवस्था नहीं होने के कारण उन्हें बहुत परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। जिसे तत्काल बनाए जाने की आवश्यकता है।
ठेका श्रमिकों का मेडिकल प्रबंधन अपने हाथ में ले। इस बैठक मेें प्रबंधन की ओर से सीजीएम तापस दासगुप्ता, सरकार,संदीप माथुर, संदीप कुमार कर जीएम जे एन ठाकुर, शीजा मैथ्यूज, एसके अग्रवाल, राकेश पांडे यूनियन की ओर से अध्यक्ष आई पी मिश्रा कार्यकारी अध्यक्ष चन्ना केशवलू महामंत्री रवि शंकर सिंह उपाध्यक्ष देवेंद्र कौशिक हरिशंकर चतुर्वेदी शारदा गुप्ता विनोद उपाध्याय उमेश मिश्रा कैलाश सिंह संयुक्त महामंत्री रामजी सिंह, सन्नी ईप्पन ,वशिष्ठ वर्मा अशोक माहोर प्रवीण मारडिकर प्रदीप पाल संजय प्रताप सिंह धर्मेंद्र धामू उपस्थित थे।
