दिल्ली विधानसभा और नेहरू युवा केंद्र संगठन के संयुक्त तत्वावधान में सोमवार को राज्यस्तरीय ‘विकसित भारत युवा संसद’ का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। विधानसभा के सदस्य डॉ. अनिल गोयल, रविंद्र सिंह नेगी और रविकांत विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहे। इसके अलावा, नेहरू युवा केंद्र संगठन, दिल्ली के राज्य निदेशक लाल सिंह, राष्ट्रीय सेवा योजना के क्षेत्रीय निदेशक स्वर्ण कटारिया, सेवानिवृत्त आईपीएस अधिकारी संजय बेनीवाल, आईआईटीएम की निदेशक डॉ. रचना राणा और गीतकार अनिरुद्ध पांडे भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
युवा संसद में दिल्ली के विभिन्न जिलों से चयनित 30 प्रतिभागियों ने भाग लिया। ये प्रतिभागी जिला स्तरीय युवा संसद प्रतियोगिता के माध्यम से चुने गए थे। इस राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में सार्थक अरोरा (प्रथम स्थान), लावण्या कार्की (द्वितीय स्थान), दिव्यांशी पांडा (तृतीय स्थान) प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को राष्ट्रीय युवा संसद प्रतियोगिता में भाग लेने का अवसर मिलेगा, जो भारतीय संसद में आयोजित होगी। इस युवा संसद का उद्देश्य युवाओं में नेतृत्व कौशल, नागरिक सहभागिता और लोकतांत्रिक प्रक्रिया की समझ को विकसित करना है।
विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने कहा कि यह कार्यक्रम युवाओं के नेतृत्व विकास के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि नेहरू युवा केंद्र संगठन और दिल्ली विधानसभा के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह युवा संसद माननीय प्रधानमंत्री के उस सपने को साकार करने की दिशा में एक कदम है, जिसमें भारत की राजनीति में 1 लाख युवा नेताओं को लाने की परिकल्पना की गई है।
उन्होंने आगे कहा कि भारत के युवा केवल विकास के लाभार्थी नहीं, बल्कि इसके भविष्य के निर्माता भी हैं। विकसित भारत@2047 के दृष्टिकोण के अनुरूप यह युवा संसद नई पीढ़ी को नीतियों और समाधान-आधारित सोच के प्रति जागरूक बनाने का कार्य कर रही है।
नेहरू युवा केंद्र संगठन, दिल्ली के राज्य निदेशक लाल सिंह ने कहा कि यह मंच युवाओं को अपने विचार प्रस्तुत करने, नेतृत्व कौशल विकसित करने और लोकतंत्र को समझने का एक अनूठा अवसर प्रदान करता है। इस राज्यस्तरीय युवा संसद के सफल आयोजन के साथ अब दिल्ली के प्रतिभागी राष्ट्रीय स्तर पर देशभर के होनहार युवाओं के साथ विचार-विमर्श करेंगे और अपने नेतृत्व कौशल का प्रदर्शन करेंगे।
