अहमदाबाद: गुजरात के चंडोला में अवैध अतिक्रमण के खिलाफ दूसरे दिन भी कार्रवाई का सिलसिला जारी है। कल जहां अवैध बस्तियों को ढहाया गया था, वहीं आज कुछ अवैध तरीके से बनाए धार्मिक स्थलों को ध्वस्त करने की प्रक्रिया जारी है। इस कार्रवाई के बारे में संयुक्त पुलिस आयुक्त (जेसीपी) जयपाल एस. राठौर ने मीडिया को जानकारी दी। उन्होंने कहा कि हमने अब तक 99 प्रतिशत अवैध अतिक्रमण को ध्वस्त कर दिया है। अब कुछ धार्मिक स्थल रह गए हैं, जिन्हें ध्वस्त करने की प्रक्रिया जारी है। साथ ही, उन्होंने लोगों से अपील की है कि इस मामले के संबंध में सोशल मीडिया पर प्रचारित किए जा रहे किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें। नगर निगम और पुलिस नियमों के अनुरूप ही सभी कार्रवाई कर रही हैं। हम नियमों से परे नहीं जा रहे हैं।
उन्होंने आगे कहा कि ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के दौरान हमने उन सभी लोगों को भी चिन्हित कर लिया है, जिन्हें आगे चलकर वैकल्पिक आवास उपलब्ध कराए जाएंगे। हमने इस संबंध में लोगों को फॉर्म वितरित कर दिए हैं। इसके अलावा, उन लोगों को भी चिन्हित कर लिया है, जिन्हें इस ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के बाद आवास उपलब्ध कराए जाएंगे। हम यह सुनिश्चित करेंगे कि कोई भी पात्र व्यक्ति आवास प्राप्त करने से वंचित न रह जाए। उन्होंने कहा कि इन सभी अवैध अतिक्रमण को न्यायालय के आदेश के अनुरूप ही ध्वस्त किया जा रहा है। हम यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि कोई भी कार्रवाई नियमों के परे जाकर न हो।
इससे पहले मंगलवार (21 मई) को भी चंडोला इलाके में अवैध अतिक्रमण के खिलाफ नगर निगम और पुलिस की टीम ने कार्रवाई की थी। इस बारे में संयुक्त पुलिस आयुक्त (क्राइम) शरद सिंघल ने आईएएनएस को बताया था कि ध्वस्तीकरण के पहले चरण के तहत हमने यह लक्ष्य निर्धारित किया था कि सबसे पहले बांग्लादेशी और भू-माफिया बाहुल्य इलाके में अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इससे पहले डेढ़ लाख स्क्वायर मीटर की जमीन को नगर निगम की तरफ से मुक्त कराया गया था, जिसमें पुलिस ने अपनी तरफ से पूरा सहयोग दिया था। ये कार्रवाई पूरे इलाके का गहन अध्ययन और सर्वे करने के बाद की गई है।
