नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया के नेता एएस इस्माइल की अंतरिम जमानत याचिका का स्वास्थ्य के आधार पर दायर निस्तारण कर दिया है। जस्टिस केवी विश्वनाथन की अध्यक्षता वाली वेकेशन बेंच ने दिल्ली सरकार की उस दलील पर गौर किया, जिसमें कहा गया था कि इस्माइल को सभी उपलब्ध चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करायी जाएगी।
सुनवाई के दौरान इस्माइल की ओर से पेश वकील रुपाली सैमुअल ने कहा कि याचिकाकर्ता को जेल के अंदर गहन फिजियोथेरेपी की जरुरत है। इस पर एएसजी अर्चना पाठक दवे ने कोर्ट को भरोसा दिया कि जेल के अंदर चिकित्सकीय सलाह के मुताबिक बेहतर फिजियोथेरेपी उपलब्ध करायी जाएगी। एएसजी के इस भरोसे के बाद कोर्ट ने इस्माइल की अंतरिम जमानत याचिका का निस्तारण कर दिया।
एनआईए ने इस्माइल को 22 सितंबर, 2022 को गिरफ्तार किया था। एनआईए के मुताबिक पीएफआई के सदस्यों और उसके पदाधिकारियों ने देश-विदेश से फंड एकत्र कर देश के विभिन्न स्थानों पर आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने की साजिश रची थी। केंद्र सरकार ने 28 सितंबर, 2022 को पीएफआई और उसके सहयोगी संगठनों को यूएपीए की धारा 3(1) के अधिकारों के तहत पांच साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया था।
