राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने ऑनलाइन गेमिंग के संवर्धन और विनियमन विधेयक को अपनी मंज़ूरी दे दी है। इस अधिनियम का उद्देश्य ई-स्पोर्ट्स और ऑनलाइन सोशल गेम्स को प्रोत्साहित करना है, साथ ही हानिकारक ऑनलाइन मनी गेमिंग सेवाओं, विज्ञापनों और उनसे संबंधित वित्तीय लेन-देन पर रोक लगाना है। कल संसद ने ऑनलाइन गेमिंग के संवर्धन और विनियमन विधेयक को मंज़ूरी दे दी।
इस अधिनियम में इस क्षेत्र के समन्वित नीतिगत समर्थन, रणनीतिक विकास और नियामक निगरानी के लिए एक ऑनलाइन गेमिंग प्राधिकरण की नियुक्ति का प्रावधान है। इस अधिनियम का उद्देश्य व्यक्तियों, विशेषकर युवाओं और कमजोर वर्ग को ऐसे खेलों के सामाजिक, आर्थिक, मनोवैज्ञानिक और गोपनीयता संबंधी प्रतिकूल प्रभावों से बचाना है। इस अधिनियम में ऑनलाइन मनी गेम्स की पेशकश, संचालन या सुविधा पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का भी प्रावधान है। ऑनलाइन मनी गेमिंग से संबंधित कानून का उल्लंघन करने पर तीन साल तक की कैद और एक करोड़ रुपये तक के जुर्माने या दोनों का प्रावधान है।
राष्ट्रपति ने आयकर अधिनियम 2025, कराधान कानून (संशोधन) अधिनियम, 2025, प्रबंधन संस्थान (संशोधन) अधिनियम, 2025, खान और खनिज (विकास और विनियमन) संशोधन अधिनियम 2025 और भारतीय बंदरगाह अधिनियम, 2025 को भी अपनी स्वीकृति दे दी है।
आयकर अधिनियम 2025 का उद्देश्य आयकर से संबंधित कानून को समेकित और संशोधित करना है, जबकि कराधान कानून (संशोधन) अधिनियम, 2025 आयकर अधिनियम, 1961 में और संशोधन करेगा तथा वित्त अधिनियम, 2025 में संशोधन करेगा। प्रबंधन संस्थान (संशोधन) अधिनियम, 2025 असम के गुवाहाटी में भारतीय प्रबंधन संस्थान की स्थापना करना चाहता है, जो देश के पूर्वोत्तर क्षेत्र का एक महत्वपूर्ण केंद्र है।
खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन अधिनियम 2025 में प्रावधान है कि पट्टाधारक मौजूदा पट्टे में अन्य खनिजों को शामिल करने के लिए राज्य सरकार को आवेदन कर सकते हैं। महत्वपूर्ण एवं रणनीतिक खनिजों, तथा अन्य निर्दिष्ट खनिजों को शामिल करने के लिए कोई अतिरिक्त राशि का भुगतान करने की आवश्यकता नहीं है। इनमें लिथियम, ग्रेफाइट, निकल, कोबाल्ट, सोना और चांदी जैसे खनिज शामिल हैं। यह अधिनियम देश में खनिज अन्वेषण के वित्तपोषण हेतु राष्ट्रीय खनिज अन्वेषण ट्रस्ट की स्थापना करता है।
भारतीय बंदरगाह अधिनियम, 2025 का उद्देश्य प्रमुख बंदरगाहों के अलावा अन्य बंदरगाहों के प्रभावी प्रबंधन के लिए राज्य समुद्री बोर्डों की स्थापना और उन्हें सशक्त बनाना, बंदरगाह क्षेत्र के संरचित विकास और वृद्धि को बढ़ावा देने के लिए समुद्री राज्य विकास परिषद की स्थापना करना और बंदरगाहों पर प्रदूषण, आपदा, आपात स्थिति, सुरक्षा, संरक्षा, नौवहन और डेटा के प्रबंधन की व्यवस्था करना है।
