09 अप्रैल। पश्चिम एशिया से तेल सप्लाई पूरी तरह बहाल न होने की आशंकाओं के बीच गुरुवार को वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल देखने को मिला। अमेरिका और ईरान के बीच दो सप्ताह के सीजफायर को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है और महत्वपूर्ण हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य अब भी बाधित बताया जा रहा है।
ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स 3.31 प्रतिशत बढ़कर 97.89 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गया (सुबह 9:06 बजे)। वहीं अमेरिकी WTI क्रूड 4.2 प्रतिशत बढ़कर 98.38 डॉलर पर कारोबार करता दिखा।
बुधवार को कच्चे तेल की कीमतों में 20 प्रतिशत तक गिरावट आई थी और यह 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गया था जो 28 फरवरी से औसत स्तर रहा था। उस दिन अमेरिका-ईरान सीजफायर की उम्मीदों से बाजार में गिरावट आई थी।
हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य खाड़ी देशों इराक, सऊदी अरब, कुवैत और कतर से वैश्विक बाजारों तक तेल आपूर्ति का एक अहम मार्ग है और यह मौजूदा संघर्ष का केंद्र बना हुआ है।
इजरायल द्वारा लेबनान के हिजबुल्लाह पर हमले की खबरों से तनाव और बढ़ गया है। वहीं कुवैत, बहरीन और यूएई में भी मिसाइल और ड्रोन हमलों की खबरें सामने आई हैं।
ईरानी मीडिया के अनुसार, ईरान ने जहाजों के लिए सुरक्षित मार्ग तय करने और बारूदी सुरंगों से बचने के लिए नक्शे जारी किए हैं, जिन्हें रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के साथ समन्वय में तैयार किया गया है।
