भाजपा के नेतृत्व वाले NDA संसदीय दल की साप्ताहिक ‘मंगल मिलन’ बैठक आज मंगलवार को सुबह 9:30 बजे संसद लाइब्रेरी बिल्डिंग के GMC बालयोगी ऑडिटोरियम में आयोजित होगी। इस बैठक की खासियत यह है कि हाल ही में गठित नेशनलिस्ट सिटिज़न्स पार्टी ऑफ़ इंडिया (NCPI) को पहली बार NDA की बैठक में आमंत्रित किया गया है। NCPI में वे सांसद शामिल हैं जिन्होंने हाल ही में NDA को समर्थन दिया है।
पेपर लीक बिल पर होगा मंथन
बैठक ऐसे समय हो रही है जब बीते दिन सोमवार को लोकसभा में केंद्रीय राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने ‘सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026’ पेश किया। इस दौरान विपक्ष के हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही दोपहर 2 बजे तक स्थगित करनी पड़ी। प्रस्तावित बिल 2024 के कानून में सात बड़े संशोधन लाकर पेपर लीक और परीक्षा गड़बड़ियों पर सख्त कार्रवाई का प्रावधान करता है। इसमें फास्ट-ट्रैक कोर्ट, स्पेशल टास्क फोर्स, कड़ी सजा, भारी जुर्माना और समयबद्ध जांच जैसी महत्वपूर्ण व्यवस्थाएं शामिल हैं। NDA ने इस बिल पर चर्चा के लिए कई युवा सांसदों को तैयार किया है, जिनमें भाजपा की बांसुरी स्वराज और तेजस्वी सूर्या, JDU के आलोक कुमार सुमन, TDP के लावू श्रीकृष्ण देवरायालू, शिवसेना के श्रीकांत शिंदे, NCP के सुनील तटकरे, अपना दल की अनुप्रिया पटेल और LJP (रामविलास) के अरुण भारती प्रमुख रूप से शामिल हैं।
विपक्षी बाधा के बीच बैठक
यह बैठक इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि विपक्ष लगातार संसद की कार्यवाही बाधित कर रहा है। विपक्ष 20 जुलाई के ‘संसद चलो’ मार्च के दौरान कथित पुलिस कार्रवाई और पेपर लीक बिल की प्रभावशीलता को लेकर सरकार पर हमला बोल रहा है। पिछली ‘मंगल मिलन’ बैठक (21 जुलाई) में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि सरकार “छात्रों के साथ खड़ी है” और पेपर लीक को राष्ट्रीय समस्या मानते हुए इसका राजनीतिकरण नहीं होने देना चाहिए। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने भी जोर देकर कहा था कि परीक्षा गड़बड़ियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई के लिए प्रधानमंत्री ने विशेषज्ञों से सलाह ली है। आज की बैठक में NDA सांसद न सिर्फ बिल पर अपनी रणनीति तैयार करेंगे, बल्कि संसद में विपक्ष के हंगामे का भी मुकाबला करने की रूपरेखा तय करेंगे।
