स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के 100 दिवसीय टीबी उन्मूलन अभियान के तहत देशभर में पांच लाख से अधिक क्षय रोग (टीबी) रोगियों का पता लगाया गया है। अभियान में शामिल 455 जिलों में तीन लाख 57 हजार से अधिक टीबी रोगियों का निदान किया गया है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने कहा कि मामलों का पता लगाने के प्रयासों में तेजी लाने, निदान में देरी को कम करने, दवा प्रतिरोधी मामलों की जल्द पहचान करने और उपचार के परिणामों में सुधार के परिणामस्वरूप 10 करोड़ से अधिक संवेदनशील व्यक्तियों की जांच की गई है।
अभियान के तहत 10 लाख नि-क्षय शिविरों ने आधुनिक टीबी निदान उपकरणों को लोगों के घरों के करीब लाने में मदद की है। इसके अलावा, टीबी सेवाओं की पहुंच बढ़ाने के लिए 836 नि-क्षय वाहन तैनात किए गए हैं, ताकि सबसे दूरदराज के इलाकों में कवरेज सुनिश्चित हो सके। अभियान के शुभारंभ के बाद से, 240,000 से अधिक नि-क्षय मित्रों ने नि-क्षय शपथ के माध्यम से पंजीकरण भी कराया है, जो व्यक्तियों और समुदाय के नेताओं को पोषण संबंधी टोकरियों, मनोवैज्ञानिक और व्यावसायिक सहायता के साथ टीबी रोगियों का समर्थन करने के लिए प्रोत्साहित करता है। इसके परिणामस्वरूप, 230,000 से अधिक खाद्य टोकरियाँ भी वितरित की गई हैं।
इसके अलावा, टीबी के विकास के उच्च जोखिम वाले लोगों के लिए स्क्रीनिंग टूल के रूप में एक्स-रे की पेशकश करके टीबी की शुरुआती पहचान के लिए एक नई रणनीति तैयार की गई थी। छाती के एक्स-रे का उपयोग करके 38 लाख से अधिक लोगों की जांच की गई है, जिसमें एक बड़ी आबादी शामिल है जिसमें टीबी के सामान्य लक्षण या कोई लक्षण नहीं दिखाई दिए।
