नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान सरकार के उस प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है, जिसमें झील के आसपास लगभग 22 हेक्टेयर क्षेत्र में दो वेटलैंड विकसित करने की योजना पेश की गई थी। जस्टिस एएस ओका की अध्यक्षता वाली बेंच ने नेशनल एनवायरमेंटल इंजीनियरिंग रिसर्च इंस्टीट्यूट (नीरी) की रिपोर्ट को स्वीकार करते हुए ये मंजूरी दी।
सुनवाई के दौरान राज्य सरकार ने कहा कि अन्नासागर झील की परिधि में पैदल मार्ग बनाए जाने की जरुरत है। झील के आसपास अतिक्रमणों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। इसके पहले 7 अप्रैल को सुनवाई के दौरान कोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश दिया था कि वो अन्नासागर झील के पास बने सेवन वंडर को एक महीने में तोड़े या कहीं और शिफ्ट करे।
सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान सरकार से पूछा था कि क्या अजमेर में अधिक वेटलैंड विकसित किए जा सकते हैं। दरअसल 2023 में एनजीटी ने अन्नासागर झील के आसपास अवैध निर्माण हटाने का आदेश दिया था। इसी आदेश को राजस्थान सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है।
