नई दिल्ली। दिल्ली के परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने शुक्रवार को दिल्ली में नई इलेक्ट्रिक बसों की उपलब्धता को लेकर एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। उन्होंने कहा कि अगले दो महीनों में दिल्ली की सड़कों पर 500 इलेक्ट्रिक बसे दौड़ेंगी और साल के अंत तक 1000 और बसें इसमें जुड़ेंगी, जिससे लोगों को साफ-सुथरी और बेहतर यात्रा का विकल्प मिलेगा।
इस बैठक में परिवहन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और पीएमआई इलेक्ट्रो मोबिलिटी, स्विच मोबिलिटी, जेबीएम जैसी प्रमुख बस कंपनियों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे।
मंत्री पकंज कुमार सिंह ने कहा कि इन नई इलेक्ट्रिक बसों की शुरुआत दिल्ली को देश की ई-कैपिटल बनाने की दिशा में एक अहम कदम है। उन्होंने संबंधित एजेंसियों को प्रक्रिया में तेजी लाने का निर्देश देते हुए कहा कि नई इलेक्ट्रिक बसों को जल्द से जल्द दिल्ली की सड़कों पर उतारा जाए राजधानी में प्रदूषण रहित सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था और मजबूत हो।
इस बैठक के दौरान परिवहन विभाग ने अवगत कराया कि विभिन्न बस डिपो पर सिविल कार्यों एवं इलेक्ट्रिकरण की प्रक्रिया तीव्र गति से अपने अंतिम चरण में पहुंच चुकी है।
मंत्री पंकज कुमार सिंह ने बस कॉनसेशनर्स को स्पष्ट निर्देश दिए कि वे इलेक्ट्रिक बसों की डिलीवरी में तेजी लाएं और सभी प्रमुख डिपो में ईवी चार्जिंग इंस्टॉलेशन सुनिश्चित करें इंफ्रास्ट्रक्चर का त्वरित विकास सुनिश्चित करें। जिससे ई-बसों का कुशल संचालन समयबद्ध तरीके से संभव हो सके।
दिल्ली के मौजूदा पब्लिक ट्रांसपोर्ट नेटवर्क में देवी इलेक्ट्रिक बसों को प्रभावी रूप से शामिल करने के लिए एक सुव्यवस्थित रूट रेशनलाइजेशन प्लान लागू किया जा रहा है। प्रारंभिक चरण में ये ई-बसें लगभग 12 किलोमीटर के छोटे रूट्स पर चलाई जा रही हैं, विशेष रूप से उन क्षेत्रों में जहां 12-मीटर लंबी बसों का संचालन चुनौतीपूर्ण होता है। इस रेशनलाइजेशन के जरिए देवी बसें — जो लास्ट-माइल कनेक्टिविटी की सुविधा देती हैं, दिल्लीवासियों को विशेष रूप से ग्रामीण इलाकों में लाभ पहुंचाएंगी।
मंत्री ने जोर देकर कहा कि देवी बसों और उनके रूट्स के बारे में अधिक से अधिक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि लोग इस पर्यावरण अनुकूल परिवहन विकल्प को अपनाने के लिए प्रेरित हो सकें। मंत्री पंकज कुमार सिंह ने कहा कि रूट रेशनलाइजेशन और जागरूकता बढ़ने से देवी बसों की लास्ट-माइल कनेक्टिविटी और बेहतर होगी, जिससे दिल्ली के हर यात्री को स्वच्छ और सुविधाजनक परिवहन सुविधा मिल सकेगी।
